बिहार विधानमंडल का शीतकालीन सत्र आज से शुरू हुआ. पहले ही दिन सदन में जमकर हंगामा भी हुआ. जानकारी के अनुसार, जिन विधायकों का हाल ही में निधन हुआ था, उनके लिए कुछ समय तक मौन रखा गया था. इस दौरान सदन में हंगामा हो गया. ऐसे में सदन को सात नवंबर सुबह 11 बजे तक के लिए स्थगित कर दिया गया.
दरअसल सत्र के पहले ही दिन बीजेपी विधायकों ने विधानसभा पोर्टिको में जमकर नारेबाजी की. सदन की कार्यवाही शुरू होने से पहले विपक्षी सदस्यों ने अलग-अलग मुद्दों को लेकर प्रदर्शन किया. दागी मंत्रियों को हटाने से लेकर मुख्यमंत्री नीतीश कुमार और उपमुख्यमंत्री तेजस्वी यादव से इस्तीफे की मांग की.
बता दें कि पांच दिनों तक यह सत्र चलने वाला है. बताया जा रहा है कि बिहार सरकार इस सत्र के दौरान जातीय गणना की रिपोर्ट पेश करने वाली है. दो दिनों तक इसी मुद्दे पर चर्चा होने की संभावना है. इस सत्र में जाति आधारित गणना के अलावा शिक्षक बहाली का मुद्दा भी प्रमुख होगा.
दूसरी ओर भाजपा ने भी नीतीश कुमार की नेतृत्व वाली बिहार सरकार को तमाम मुद्दों पर घेरने के लिए कमर कस ली है. लोकसभा चुनाव को देखते हुए शीतकालीन सत्र के पहले दिन राज्य सरकार अनुपूरक बजट पेश करेगी.
हालांकि, इस पर नौ नवंबर को चर्चा होगी. इसके अलावा शीतकालीन सत्र में सामान्य प्रशासन और वित्त वाणिज्यकर के अलावा कुछ और महत्वपूर्ण विधेयकों को पास करने की तैयारी है, जो सत्र के दूसरे और तीसरे दिन यानी सात और आठ नवंबर को पेश होंगे.