केंद्रीय मंत्री पशुपति कुमार पारस को जान से मारने की धमकी मिली है. इसके बाद से सियासत गरमा गई है. केंद्रीय मंत्री अश्विनी चौबे ने बिहार सरकार पर इस मामले में कार्रवाई करने की मांग की है. इस दौरान उन्होंने जदयू पर भी जमकर निशाना साधा. उन्होंने कहा कि जदयू के लोग तुष्टिकरण की राजनीति करते हैं. अंग्रेज भारत छोड़कर चले गए. मगर, उन्होंने कुछ परिंदे पैदा कर रखे हैं ऐसे लोगों में ये तमाम लोग आते हैं.
दरअसल, केंद्रीय मंत्री अश्विनी कुमार चौबे आज पटना के विद्यापति भवन में पंडित राजकुमार शुक्ला के शहादत दिवस में सम्मिलित होने आए थे. इस दौरान उन्होंने पशुपति कुमार पारस को जान से मारने की धमकी मिलने पर कहा कि बिहार में हालात इस तरह हैं कि अब केंद्रीय मंत्री को भी जान से मारने की धमकी मिल रही है. ये बहुत दुर्भाग्यपूर्ण है. इस मामले को केंद्र सरकार गंभीरता पूर्वक ले रही है और बिहार सरकार को इस पर तुरंत कार्रवाई करनी चाहिए.
वहीं, जदयू के द्वारा आरोप लगाया कि भाजपा पाकिस्तान की एजेंट है. उनके बड़े नेता पाकिस्तान में बिरयानी खाने जाते हैं. यही नहीं भारत से पाकिस्तान के हालात अच्छे हैं. इसके जवाब में केंद्रीय मंत्री अश्विनी कुमार चौबे ने कहा कि जिन लोगों को पाकिस्तान के हालात अच्छे लगते हैं, वो पाकिस्तान चले जाएं. यहां रहकर क्या कर रहे हैं. उन्होंने तंज कसते हुए कहा कि वे लोग तुष्टिकरण की राजनीति करते हैं. अंग्रेज भारत छोड़कर चले गए. लेकिन, उन्होंने कुछ परिंदे पैदा कर रखे हैं ऐसे लोगों में यह तमाम लोग आते हैं.
बता दें, केंद्रीय मंत्री पशुपति कुमार पारस को देर रात अज्ञात व्यक्ति ने फोन करके जान से मारने की धमकी दी थी. इसकी जानकारी खुद केंद्रीय मंत्री पशुपति पारस ने दी थी. उन्होंने बताया कि रात को 12 बजे किसी अज्ञात ने फोन करके कहा कि तुम चिराग पासवान को अपना भतीजा नहीं मानते हो. उनके बारे में फालतू बात करते हो. मैं तुम्हें हाजीपुर नहीं आने दूंगा. साथ ही तुम्हारे चेहरे पर कालिख पोत दूंगा और तुम्हें जान से मार दूंगा.
इस मामले में पशुपति कुमार पारस ने बताया कि उन्होंने वैशाली के एसपी को मौखिक रूप से तलब किया है. वहीं, उनके पीए इस मामले को देख रहे हैं और शिकायत भी करवा रहे हैं. इसके बाद जब उनसे सवाल पूछा गया कि धमकी किसकी ओर से दी गई और उन्हें किसके ऊपर शक है. तो उन्होंने कहा कि धमकी देने वाले ने तो साफ-साफ नाम बता दिया है. हालांकि जांच के बाद पता चलेगा कि धमकी किसने और क्यों दी.
इस दौरान उन्होंने चिराग पासवान पर हमला बोलते हुए कहा कि हाजीपुर की सीट पर चिराग पासवान क्यों दावा कर रहे हैं. अगर, हमारे बड़े भाई रामविलास पासवान को चिराग को ही उस सीट से लड़ाना होता, तो वो पहले ही लड़ा देते. लेकिन उन्होंने हाजीपुर की सीट पर मुझे चुनाव लड़ाया था. इसलिए मैं साफ-साफ कहना चाहता हूं कि दुनिया की कोई भी ताकत 2024 के लोकसभा चुनाव में मुझे हाजीपुर सीट से लड़ने से नहीं रोक सकती है. उन्होंने कहा कि 2024 के लोकसभा चुनाव में हाजीपुर की सीट से वो ही चुनाव लड़ेंगे.