यह घटना कथित तौर पर मंगलवार रात साउथहॉल में भारतीय स्वतंत्रता दिवस से संबंधित सामुदायिक कार्यक्रम के दौरान हुई, सोशल मीडिया पर प्रसारित वीडियो में कुछ खालिस्तानी समर्थक चरमपंथियों और पुलिस अधिकारियों के बीच संदिग्धों का पीछा करते हुए झड़प भी हुई थी.
पश्चिम लंदन के ईलिंग में पड़ोस की पुलिसिंग के लिए जिम्मेदार मेट्रोपॉलिटन पुलिस अधीक्षक सीन लिंच ने कहा कि मैं मानता हूं कि इस घटना ने साउथहॉल और लंदन तथा उसके आस-पास के सिख समुदायों में भारी चिंता पैदा कर दी होगी, जो कि अन्यथा काफी हद तक शांतिपूर्ण और जश्न मनाने वाला कार्यक्रम था.
उन्होंने कहा, हमारी जांच जारी है. हम सोशल मीडिया पर प्रसारित फुटेज से अवगत हैं, साथ ही लोग इस पर टिप्पणी भी कर रहे हैं कि उन्हें क्या लगता है कि क्या हुआ. हम लोगों से आग्रह करेंगे कि वे बातें दोहराने या अटकलों से बचें. घायलों में से किसी को भी गंभीर चोट नहीं आई है और कोई मृत्यु नहीं हुई है.
20 साल के एक अन्य व्यक्ति को भी घटनास्थल से गिरफ्तार किया गया था, लेकिन आगे की पूछताछ होने तक उसे पुलिस जमानत पर रिहा कर दिया गया. पुलिस ने कहा कि गिरफ्तार किए गए लोगों में से एक को हिरासत में लेने में शामिल एक महिला अधिकारी के हाथ में छोटी सी चोट लग गई, लेकिन उसे अस्पताल में इलाज की आवश्यकता नहीं पड़ी. घटना की जांच का नेतृत्व वेस्ट एरिया CID के मेट्रोपॉलिटन पुलिस जासूसों द्वारा किया जा रहा है. क्षेत्र में भीड़ को तितर-बितर करने के लिए अधिकृत धारा 35 को लेकर दिए गए आदेशों को हटा लिया गया है.