बिहार में लोकसभा चुनाव के अंतिम चरण की वोटिंग से पहले एनडीए को बड़ा झटका लगा है. संदेश के पूर्व विधायक और जदयू नेता विजेन्द्र यादव ने अपने समर्थकों के साथ प्राथमिक सदस्यता से इस्तीफा दे दिया है. उन्होंने इसकी जानकारी आज सोमवार को प्रेस कांफ्रेंस के जरिए दी. पार्टी छोड़ने की घोषणा के दौरान ही जदयू के प्रदेश अध्यक्ष उमेश कुशवाहा ने उन्हें 6 वर्ष के लिए पार्टी से निष्कासित करने का पत्र जारी कर दिया.
ऐसा कहा जा रहा है कि विजेन्द्र यादव राजद में शामिल हो सकते हैं. हालांकि इस बारे में सवाल पूछे जाने पर उन्होंने इससे इनकार नहीं किया. उन्होंने कहा कि अभी कुछ और लोग भी पार्टी से इस्तीफा देने वाले हैं.
विजेन्द्र यादव ने कहा, “जदयू में अब कोई नियम और सिद्धांत नहीं रह गया है. पार्टी से जुड़े अन्य प्रदेश नेता बेलगाम हो गए हैं. पार्टी से जुड़े मंत्री के ही पुत्र और पुत्री अलग-अलग दलों से लड़ रहे हैं. जिस दल के साथ (भाजपा) गठबंधन है, वहां नेताओं और कार्यकर्ताओं का कोई मान-सम्मान नहीं है. गठबंधन से जुड़े नेताओं को मंच पर जगह तक नहीं दी जा रही है.”
बता दें कि विजेन्द्र यादव करीब तीन दशक से भी समय तक राजद में थे. पिछले विधानसभा चुनाव में जदयू के टिकट पर चुनाव लड़ा था. लेकिन वे हार गए थे.